रायगढ़ जिले को मिले 18 प्रशिक्षु उप निरीक्षक, एसएसपी ने जनसेवा और अनुशासन का दिया संदेश

रायगढ़। पुलिस मुख्यालय छत्तीसगढ़, नया रायपुर द्वारा जारी आदेश के तहत रायगढ़ जिले को 18 प्रशिक्षु उप निरीक्षक (सब इंस्पेक्टर) आवंटित किए गए हैं। सभी प्रशिक्षु अधिकारियों ने पुलिस लाइन रायगढ़ में अपनी आमद दर्ज कराई, जहां उनका जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से परिचय कराया गया।

इस दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को संबोधित करते हुए पुलिस सेवा की जिम्मेदारियों और व्यवहारिक प्रशिक्षण के महत्व पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा कि पुलिस अकादमी में प्राप्त प्रशिक्षण के बाद फील्ड ट्रेनिंग पुलिस सेवा का सबसे महत्वपूर्ण चरण होता है, जहां अधिकारी वास्तविक परिस्थितियों में कार्य करते हुए कानून-व्यवस्था, अपराध विवेचना और जनसंपर्क की बारीकियों को समझते हैं।

अनुशासन और ईमानदारी को बताया सफलता की कुंजी

एसएसपी शशि मोहन सिंह ने प्रशिक्षु अधिकारियों को अपने वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कार्य करने और अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा तथा ईमानदारी को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग में अनुशासन सबसे महत्वपूर्ण आधार है और प्रत्येक अधिकारी का व्यवहार विभाग की छवि को दर्शाता है।

उन्होंने कहा कि पुलिस सेवा केवल नौकरी नहीं, बल्कि समाज और जनता की सेवा का एक महत्वपूर्ण दायित्व है। आम नागरिकों के प्रति संवेदनशीलता, जवाबदेही और सेवाभाव ही एक सफल पुलिस अधिकारी की पहचान होती है।

जनता से बेहतर संवाद बनाने की सीख

एसएसपी ने प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को जनता के साथ बेहतर संवाद स्थापित करने तथा कानून के प्रति निष्पक्ष और जिम्मेदार रवैया अपनाने की सीख दी। उन्होंने कहा कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास का रिश्ता मजबूत होना चाहिए, जिससे कानून व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।

विभिन्न थानों में दी गई पदस्थापना

कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी और नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा ने भी प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित किया। अधिकारियों ने उन्हें प्रशिक्षण अवधि का अधिकतम लाभ उठाने, वरिष्ठ अधिकारियों एवं अनुभवी पुलिसकर्मियों से सीखने तथा पुलिसिंग की बारीकियों को गंभीरता से समझने की सलाह दी।

एसएसपी शशि मोहन सिंह ने सभी 18 प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को जिले के विभिन्न थानों और इकाइयों में अस्थायी रूप से पदस्थ किया है, जहां वे व्यवहारिक प्रशिक्षण प्राप्त करते हुए पुलिस कार्यप्रणाली की विभिन्न प्रक्रियाओं को सीखेंगे।

फील्ड ट्रेनिंग में मिलेगा व्यावहारिक अनुभव

प्रशिक्षण के दौरान नव नियुक्त उप निरीक्षक कानून-व्यवस्था प्रबंधन, अपराध विवेचना, जनसंपर्क, दस्तावेजी कार्यवाही और अन्य पुलिस प्रक्रियाओं का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त करेंगे। इससे भविष्य में वे एक सक्षम और जिम्मेदार पुलिस अधिकारी के रूप में अपनी भूमिका निभा सकेंगे।

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